कहा जाता हैं कि अपराध की दुनिया में पुरुषों का वर्चस्व रहा है लेकिन लेडी डॉन भी कभी किसी से पीछे नहीं रहीं. कई महिलाओं ने जुर्म की खौफनाक दुनिया में कदम रखा है अपने इलाके की कानून व्यवस्था के लिए सिर दर्द साबित हुई हैं. किसी ने अपने पति के जेल जाने के बाद उसका काला कारोबार देखना शुरू किया तो किसी ने अपने पति की हत्या का बदला लेने के लिए क्राइम का रास्ता चुना
पुलिस वाले बाप की बेटी से माफिया बनने तक का सफर
शाइस्ता खुद तो हत्याकांड में शामिल रही लेकिन वह इससे असद को दूर रखना चाहती थी. अतीक ने असद को शामिल करने पर जोर दिया. असद ने अपनी अगुवाई में उमेशपाल का मर्डर कर दिया. शाइस्ता परवीन पर अब आरोप लग रहे हैं कि वह रंगदारी, जबरन वसूली कराने में शामिल रही है. बेटा असद मारा गया, देवर अशरफ और पति अतीक अहमद की मौत हुई, वह देखने नहीं आई. पुलिस ने शाइस्ता परवीन पर 50,000 रुपये का इनाम रखा है.
माफिया और पुलिस की रिश्तेदारी के बाद अतीक एक से बढ़कर एक अपराध करता गया और राजनीति के साथ-साथ इलाके में अपना आतंक बनाता गया. अतीक अहमद निर्दलीय चुनाव जीतता था और उसे समर्थन सपा देती थी. समाजवादी पार्टी ने अतीक अहमद को हाथोंहाथ लिया और उसका अपराध का ग्राफ बढ़ने लगा. 2019 तक एक कुशल गृहणी के तौर पर रही लेकिन जब 2019 में अतीक अहमद को गुजरात से जेल शिफ्ट किया जा रहा था, तब वह पहली बार मीडिया के सामने आई. अब वह माफियाओं की लिस्ट में शुमार है. उसके सिर पर 50,000 का इनाम पुलिस ने रखा है.
कैसे जुर्म की दुनिया में एक्टिव हुई शाइस्ता?
ऐसा माना जा रहा है कि अतीक के इशारे पर शाइस्ता ने जेल में अतीक को फोन पहुंचाया था. वहीं से अतीक ने उमेशपाल मर्डर केस की प्लानिंग रची. शाइस्ता ने उस एक्शन प्लान को लागू करवाया. अतीक ने शूटर्स का इंतजाम किया, जो शूटर्स हत्याकांड में नजर आए थे, उन्होंने शाइस्ता से मुलाकात की थी
कांस्टेबल परिवार में पैदा हुई थी अतीक की बीवी शाइस्ता
शाइस्ता परवीन प्रयागराज की रहने वाली है. आज वह मोस्टवांटेड है लेकिन उसका ताल्लुक यूपी पुलिस के परिवार से रहा है. उसके पिता कांस्टेबल के पद पर तैनात थे. वह छह भाई बहनों में सबसे बड़ी है. उसने ग्रेजुएशन तक पढ़ाई की है.
साल 1996 में उसका निकाह अतीक अहमद से हुआ था. अतीक अहमद पांच बार विधायक और एक बार सांसद भी रह चुका है लेकिन राजनीति के साथ-साथ वह अपने क्षेत्र का बाहुबली डॉन के रूप में कुख्यात रहा है.
अतीक के जेल जाने के बाद शाइस्ता उसकी राजनीतिक विरासत और आपराधिक गतिविधियों को संभालने के लिए आगे आई और बसपा की सदस्यता ली. लेकिन उमेश पाल हत्याकांड का राज खुलने के बाद से वह फरार है.
मुख्तार अंसारी की बीवी अफशा अंसारी का काला साम्राज्य
उत्तर प्रदेश के ही एक और बाहुबली और माफिया डॉन मुख्तार अंसारी की बीवी अफशा अंसारी की भी कहानी भी करीब-करीब वैसी ही है. मुख्तार अंसारी के जेल जाने के बाद अफशा अंसारी ने उसके सारे नेटवर्क को संभालना शुरू किया. अफशा पर गैंगस्टर एक्ट लग चुका है.
अफशा अंसारी पर दलितों की जमीन हड़पने से लेकर काला धन सफेद करने तक के कई गंभीर आरोप लग चुके हैं. साल 2022 में लखनऊ पुलिस ने अफशा अंसारी के नाम से 2.25 करोड़ की संपत्ति कुर्क की थी. ईडी को उसकी कई बेनामी और बेशकीमती संपत्तियों का पता चला था.
अफशा अंसारी मुख्तार अंसारी के काले साम्राज्य को संभालने के मंसूबे में वह तब तब जेल जाती रही, जब-जब मुख्तार अंसारी को जेल जाना पड़ा. उसका मकसद अपने पति और माफिया डॉन के दबदबे और खौफ को बनाये रखना था.
अपनी सास आफशा के नक्शे कदम पर निखत अंसारी
मनी लॉन्ड्रिंग केस में जेल में बंद मऊ विधायक अब्बास अंसारी की पत्नी निकहत अंसारी इस समय चर्चा में हैं। चर्चा का कारण अपनी दबंगई से जेल नियमों को ताक पर रखकर अपने पति से चित्रकूट जेल में अस्सी दिनों तक लगातार रोज मुलाकात का है। पति से मुलाकात के दौरान औचक छापेमारी के क्रम में उन्हें पकड़ा गया। निखत जेल अधीक्षक कार्यालय के एक प्राइवेट रूम में पति अब्बास अंसारी से मुलाकात कर रही थीं। इस दौरान उनके पास से मोबाइल फोन और विदेशी करेंसी भी बरामद की गई है। इस मुलाकात ने निकहत के ससुर मुख्तार अंसारी और सास अफशां अंसारी की याद ताजा कर दी। अफशां भी अपने पति से जेल में मिलने इसी प्रकार जाया करती थीं। तब यह मामला खूब चर्चित हुआ था।

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